Local & National News in Hindi
ब्रेकिंग
Bhilai Crime: भिलाई में सरकारी नौकरी के नाम पर 16 लाख की ठगी; फर्जी जॉइनिंग लेटर थमाकर बेरोजगारों को... Railway Station Redevelopment: अब एयरपोर्ट जैसा दिखेगा आपका रेलवे स्टेशन; हाई क्लास सुविधाओं से होगा... MP-CG Weather Update: गरियाबंद में मौसम का यू-टर्न! चिलचिलाती धूप के बीच जमकर बरसे ओले, सफेद रंग में... CGBSE Result 2026: दिव्यांग छात्रों ने रचा इतिहास! प्रदेश के इकलौते आवासीय ब्लाइंड स्कूल के सभी छात्... Bore Basi Diwas: अंतर्राष्ट्रीय श्रमिक दिवस पर भूपेश बघेल ने खाया 'बोरे बासी'; सुशासन तिहार पर साधा ... Bhopal Crime News: भोपाल में बीटेक छात्र से घर में घुसकर लूट; मारपीट के बाद लैपटॉप और मोबाइल छीन ले ... Narsinghpur Bus Accident: इंदौर से सीधी जा रही बस नरसिंहपुर में पलटी; नीलगाय को बचाने के चक्कर में ह... Jabalpur Cruise Tragedy: आखिरी सांस तक ममता का पहरा! मलबे में बच्चे को सीने से लगाए मिली मां की लाश,... Political Crisis in MP: सीएम मोहन के आने से पहले ही मंत्री की रवानगी! एमपी कैबिनेट में नाराजगी की खब... Jabalpur Cruise Accident: बरगी डैम हादसे पर PM मोदी ने जताया दुख; मृतकों के परिजनों को 2-2 लाख रुपये...

Political Crisis in MP: सीएम मोहन के आने से पहले ही मंत्री की रवानगी! एमपी कैबिनेट में नाराजगी की खबरों से मचा हड़कंप

3

भोपालः एमपी में इस वक्त की एक चौंकानें वाली खबर सामने आई है। जहां मंत्री जी अपनी ही सरकार से नाराज दिखाई दे रहे है। दरअसल, बुधवार को जलूद के कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव शामिल हुए थे। इस दौरान कई बड़े नेता भी मौजूद रहे। लेकिन, अपने विभाग का आयोजन होने के बाद भी नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय कहीं नजर नहीं आए।

आपको बतातें चले कि सोशल मीडिया पर पिछले दिनों कैलाश विजयवर्गीय का एक पुराना वीडियो वायरल हो रहा था। जिसमें उन्होंने कहा- “मैं तो टेम्परेरी मंत्री हूं, कभी भी भूतपूर्व मंत्री हो सकता हूं।” इस वीडियो पर लोगों की अलग-अलग प्रतिक्रिया सामने आ रही है। यह सवाल भी उठ रहा है कि क्या सचमुच विजयवर्गीय टेम्परेरी मंत्री हो चले हैं। यह मामला और तूल तब पकड़ता नजर आया जब हाल ही में हुए जलूद के कार्यक्रम में कैलाश विजयवर्गीय दिखाई नहीं दिए। बताया जा रहा है कि उन्हें देरी से कार्यक्रम की सूचना दी गई। जिस पर उन्होंने नाराजगी जताते हुए कार्यक्रम से दूरी बनाई है।

वहीं, भाजपा के प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान पहले भी ऐसे हालात सामने आ चुके हैं। एक निजी स्कूल में हुए प्रशिक्षण में मंत्रीजी मौजूद थे, लेकिन जैसे ही मुख्यमंत्री के आने का समय हुआ, वे वहां से चले गए। ऐसा सिर्फ एक बार नहीं, बल्कि कई बार हो चुका है। कैबिनेट की बैठकों में भी उनकी गैरमौजूदगी को अक्सर उनकी कथित नाराज़गी से जोड़ा जाता रहा है। बुधवार को हुई घटना के बाद सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में कही गई बातों के कारण इस नाराज़गी की चर्चा और बढ़ गई है।

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.

Don`t copy text!