डॉग बाइट,शहरवासी है भगवान भरोसे,एजेंसी को नहीं किया भुगतान,गुलमर्ग परिसर में आठ से ज्यादा पागल श्वान के शिकार।
गुलमर्ग परिसर,रहवासी हो रहे पागल श्वान का शिकार,इधर नगर निगम के जिम्मेदारों का जवाब, पेमेंट नहीं किया तो एजेंसी नहीं कर रही काम।

✍️ अमित कुमार त्रिवेदी पत्रकार इंदौर

शहर से लगे और प्रधानमंत्री आवास योजना अंतर्गत बनाए गए गुलमर्ग परिसर के सैकड़ों रहवासी खौफजदा हैं। दरअसल मंगलवार सुबह से क्षेत्र में एक पागल हो चुके आवारा श्वान के शिकार बन रहे हैं। वहीं अभी तक उक्त पागल श्वान ने आठ से ज्यादा लोगों को अपना शिकार बना लिया हैं। वही दूसरी तरफ जब न्यूज विथ तड़का डॉट कॉम ने नगर निगम के जिम्मेदारों को उक्त मामले की सूचना दी हैं। पागल हो चुके श्वान को लेकर एक्शन लेने पर नगर निगम के जिम्मेदारों का जवाब है कि इंदौर नगर निगम ने ऐसे मामलों के लिए निजी एजेंसी नियुक्त की थी। लेकिन उसे नगर निगम द्वारा समय पर भुगतान नहीं किया गया। लिहाजा शहर में अब ऐसी घटनाएं होती है तो कोई भी इनकी रोकथाम के लिए जिम्मेदार तैनात नहीं हैं। क्योंकि उक्त एजेंसी कार्य ही नहीं कर रही हैं। पूरी तरह इंदौर नगर निगम के जिम्मेदारों ने शहरवासियों को डॉग बाइट के मामलों में भगवान भरोसे छोड़ दिया हैं।

क्या कहा जिम्मेदारों ने

न्यूज विथ तड़का डॉट कॉम ने इंदौर चिड़ियाघर प्रभारी डॉक्टर उत्तम यादव को गुलमर्ग परिसर में हो रही डॉग बाइट की घटना की जानकारी दी। लेकिन डॉक्टर उत्तम यादव का कहना है कि नगर निगम ने संबंधित एजेंसी को भुगतान नहीं किया हैं। और एंजेसी ने यह कामकाज बंद कर रखा हैं। फिर भी एजेंसी के जिम्मेदारों से निवेदन करेंगे।

अभी तक आठ से ज्यादा लोग शिकार।
गुलमर्ग परिसर में अभी तक आठ से ज्यादा लोग इस पागल श्वान का शिकार हो चुके हैं। क्षेत्र में उक्त पागल श्वान का आतंक हैं। स्थानीय लोगों ने बच्चों को घरों से बाहर निकलने पर पाबंदी लगा रखी हैं। तो मॉर्निंग वॉक इवनिंग वॉक करने वाले भी घरों से बाहर निकलने में खौफजदा हैं।

शहरवासी भगवान भरोसे।
इधर गुलमर्ग परिसर में पागल श्वान के आतंक की घटना के बाद नगर निगम की लापरवाही की सच्चाई सामने आ गई हैं। मानो नगर निगम ने डॉग बाइट की घटनाओं में शहरवासियों को भगवान भरोसे छोड़ रखा हैं।