![]()

![]()
यहां तो बड़ा झोल है???
देखते ही देखते ग्रीन बेल्ट की सरकारी जमीन पर तन गया एयरटेल का टॉवर,आखिर कहा हुई बंदरबाट।
अमित कुमार त्रिवेदी पत्रकार इंदौर
इंदौर।
यहां तो बड़ा झोल चल रहा है। देखते ही देखते बीच सड़क के बीचों बीच ग्रीन बेल्ट की सरकारी जमीन पर एयरटेल ने टॉवर तान दिया। और इंदौर कलेक्टर, इंदौर नगर निगम सहित अन्य जिम्मेदार विभाग को कोई जानकारी ही नहीं हैं। हम बात कर रहे है, नगर निगम द्वारा प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत अंबामोलिया रोड स्थित गुलमर्ग परिसर की। जहां नगर निगम द्वारा बनाई गई शासकीय भूमि पर सड़क के डिवाइडर में एयरटेल कंपनी में रातोरात टॉवर तान दिया। उक्त जमीन ग्रीन बेल्ट के लिए छोड़ी गई थी। ताकि उक्त डिवाइडर वाले स्थान पर हरियाली की जा सके। लेकिन एयरटेल कंपनी ने नगर निगम के जिम्मेदारों की असीम कृपा के चलते टॉवर ठोक दिया। महज दो से तीन दिनों के दौरान एयरटेल कंपनी ने उक्त टॉवर लगाने में कोई देरी नहीं की। और खास बात तो यह है कि नगर निगम की और से कोई भी जिम्मेदार झांकने तक नहीं आया। और तन गया एयरटेल का टॉवर। सवाल यह कि निजी टेलीकॉम कंपनी को सरकारी भूमि पर टॉवर लगाने की अनुमति किसने दी। और निजी कंपनी ने बेखौफ ग्रीन बेल्ट की जमीन पर टॉवर भी लगा डाला। लेकिन अब जिम्मेदार बगले झांकने के साथ ही मुंह छुपा रहे है। क्योंकि निजी टेलीकॉम कंपनी को सरकारी भूमि पर टॉवर लगाने की इजाजत देना आखिर किसके बस में है ????