Local & National News in Hindi
Logo
ब्रेकिंग
INDORE विश्व पर्यावरण दिवस, हवा में उड़ गया देश का पहला ऑक्सीजन पार्क,धरी रह गई सभी तैयारियां,कनाडिया... INDORE जल संरक्षण,नगर निगम महापौर सहित जिम्मेदार वर्षाजल को बचाने की कर रहे प्लानिंग,इवेंट,वहीं दूसर... दूषित पेयजल!,भाजपा कांग्रेस की जारी जुबानी जंग,जनता कंफ्यूज,जल संरक्षण को लेकर वार्ड की रैंकिंग!लेकि... INDORE कांग्रेस में कलेश, हाइड्रेंट पर चिंटू चौकसे का कब्ज़ा! बदनाम हो रही भाजपा,कांग्रेसी पार्षद के... Pune Liquor Tragedy: जहरीली शराब कांड में मौतों का आंकड़ा 18 पहुंचा; CID जांच शुरू, 8 पुलिसकर्मी निल... Weather Forecast: दिल्ली-NCR और UP-बिहार में बारिश-आंधी का अलर्ट; IMD ने जारी की भारी बारिश की चेताव... INDORE पानी के लेकर बवाल,शहरवासी चिंतित किसका करें यकीन किसका नहीं! पटवारी के आरोपों के बाद मेयर का ... Khajrana Ganesh Mandir Indore: खजराना गणेश मंदिर का बदलेगा स्वरूप; मास्टर प्लान के तहत शुरू हुआ निर्... Indore Air Quality News: स्वच्छता में नंबर-1, लेकिन हवा में फेल; इंदौर में बढ़ता प्रदूषण बढ़ा रहा स्वा... MP Weather Update: नौतपा में मौसम का बड़ा यू-टर्न; भारी बारिश और ओलावृष्टि का ऑरेंज अलर्ट, गिरेगा पा...

करोड़ों का कर्ज, फिर हुआ चमत्कार! इंदौर के शख्स ने 51,000 आवारा कुत्तों को खिलाया खाना; अनोखे बर्थडे सेलिब्रेशन की हर तरफ चर्चा

389

MP News: मध्य प्रदेश के इंदौर शहर से इंसानियत और पशु प्रेम की एक अनोखी मिसाल सामने आई है, जहां एक व्यक्ति ने अपने जन्मदिन को खास बनाने के लिए बेजुबान जानवरों के साथ खुशियां बांटीं. शिवसेना एमपी के प्रभारी सुरेश गुर्जर ने अपने 55वें जन्मदिन पर 51 हजार स्ट्रीट डॉग्स को खाना खिलाया. इसके लिए उन्होंने स्ट्रीट डाॅग्स के लिए भंडारे का आयोजन किया था.

शहर में अक्सर स्ट्रीट डॉग्स को लेकर नकारात्मक तस्वीरें सामने आती हैं, जहां लोग उन्हें भगाते या नुकसान पहुंचाते नजर आते हैं. ऐसे माहौल में सुरेश गुर्जर की यह पहल लोगों के लिए एक सकारात्मक संदेश लेकर आई है. उन्होंने अपने जन्मदिन को धूमधाम से मनाने के बजाय सादगी और सेवा के रूप में मनाने का फैसला किया और शहर के अलग-अलग इलाकों में जाकर कुत्तों को खाना खिलाया.

क्या है इसके पीछे की कहानी?

इस दौरान उनके साथ शिवसेना के कई पदाधिकारी और सामाजिक संगठन के लोग भी मौजूद रहे, जिन्होंने इस पहल में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया. सुरेश गुर्जर का कहना है कि उन्होंने जीवन में कई उतार-चढ़ाव देखे हैं. एक समय ऐसा भी आया जब वे आर्थिक रूप से काफी कमजोर हो गए थे. उन्होंने बताया कि काफी गरीबी देखी है. करोड़ों रुपये थे, लेकिन समय इतना खराब आया कि काफी कर्ज में हो गए थे लेकिन बेजुबान पशुओं की सेवा शुरू करने के बाद उनके जीवन में सकारात्मक बदलाव आया और आज वह फिर से स्थापित हो गए.

डाॅग लवर हैं शिवसेना प्रभारी

उन्होंने बताया कि उनके घर और फार्महाउस पर भी कई कुत्ते रहते हैं, जिनकी वह देखभाल करते हैं. उनका मानना है कि जहां घरों में पालतू जानवरों को अच्छा भोजन और देखभाल मिलती है, वहीं सड़कों पर रहने वाले कुत्तों के लिए कोई व्यवस्था नहीं होती. इसी सोच के साथ उन्होंने अपनी गाड़ी में दूध, बिस्किट, टोस्ट और अन्य खाद्य सामग्री रखकर शहरभर में घूम-घूमकर कुत्तों को खाना खिलाना शुरू किया.

दिलचस्प बात यह रही कि जैसे ही उनकी गाड़ी का हॉर्न बजता, कॉलोनियों और गलियों में रहने वाले कुत्ते दौड़कर उनके पास पहुंच जाते. गुर्जर उन्हें पत्तल में अलग-अलग प्रकार का भोजन परोसते. उन्होंने यह भी कहा कि यह अभियान केवल एक दिन तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि आगे भी लगातार जारी रहेगा.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.

Don`t copy text!