INDORE महापौर-निगमायुक्त को बिल्डर की खुली चुनौती,नगर निगम के नोटिस के बाद भी जारी अवैध निर्माण,नेता-बिल्डर के बड़े खेल का हुआ था खुलासा।
इंदौर नगर निगम को खुली चुनौती: 80/3 दौलतगंज में निगम के नोटिस के बावजूद,धड़ल्ले से जारी है बहुमंजिला का अवैध निर्माण, नेताओं और बिल्डरों के ‘बड़े खेल’ का खुलासा।
✍️अमित कुमार त्रिवेदी पत्रकार इंदौर

स्वच्छता में सात आसमान छूने वाले इंदौर शहर में नगर निगम के नियमों को ताक पर रखकर अवैध निर्माण करने के मामले का न्यूज WITH तड़का डॉट कॉम ने पिछले सिलसिलेवार खुलासा किया था। लिहाजा उक्त खबरों के बाद मेयर पुष्यमित्र भार्गव,निगमायुक्त क्षितिज सिंघल हरकत में आए और उन्होंने संबंधित जोन 11 के वार्ड 60 को लेकर उक्त अवैध निर्माण तोड़े जाने का नोटिस तक जारी करवा दिया था। लेकिन इंदौर नगर निगम के जोन 11, वार्ड क्रमांक 60 के अंतर्गत आने वाले दौलतगंज स्थित उर्दू मैदान रोड पर बिना किसी वैध नक्शे और बिना किसी प्रशासनिक अनुमति के एक बहुमंजिला अवैध इमारत खड़ी की जा रही है, वह भी इंदौर नगर निगम द्वारा नोटिस जारी करने बावजूद भी। लिहाजा अब निगम अधिकारियों की रहस्यमयी चुप्पी कई गंभीर सवाल खड़े कर रही है। क्योंकि नोटिस जारी करने के बाद भी शकील ओलंपिक नामक बिल्डर ने अभी भी दिन रात बेखौफ निर्माण कार्य शुरू कर रखा हैं।

बिना अनुमति और नक्शे के खड़ी हो गई बहुमंजिला इमारत
न्यूज WITH तड़का डॉट कॉम ने मय दस्तावेज के दौलतगंज के उर्दू मैदान रोड स्थित सर्वे/मकान नंबर 80/3 पर बिल्डर शकील ओलंपिक द्वारा बड़े पैमाने पर अवैध निर्माण कार्य किए जाने का खुलासा किया था। इस निर्माण कार्य करने वाले के पास न तो नगर निगम द्वारा पास किया गया कोई नक्शा है और न ही निर्माण की कोई अनुमति (Permission) ली गई है। क्षेत्र में इस अवैध बहुमंजिला इमारत के बनने से स्थानीय स्तर पर नियमों की जमकर धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। लेकिन भवन अधिकारी अंगेश बिरथरिया उक्त बिल्डर को नोटिस देकर कार्यवाही करना भूल गए या फिर और कुछ बात हैं लेकिन बिल्डर को नोटिस मिलने के बाद भी निर्माण बिना कोई रुकावट के जारी हैं।

नोटिस देकर भूले भवन अधिकारी,निरीक्षक दिन-रात चालू है काम
हैरानी की बात यह है कि नगर निगम के भवन अधिकारी (Building Officer) अंगेश बिरथरिया ने इस मामले में औपचारिकता निभाते हुए नोटिस तो जारी किया, लेकिन नोटिस देने के बाद वे इस पूरे मामले को ठंडे बस्ते में डालकर भूल गए। निगम अमले द्वारा मौके पर काम बंद करवाने की कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। इसका नतीजा यह है कि बिल्डर द्वारा दिन-रात धड़ल्ले से निर्माण कार्य को अंजाम दिया जा रहा है।

पूर्व कांग्रेसी पार्षद पति का खुला संरक्षण, चल रहा है ‘सेटिंग’ का खेल

सूत्रों के अनुसार, नगर निगम के नोटिस के बाद इस अवैध निर्माण को ढहने से बचाने के लिए एक बड़ा खेल शुरू हो गया है। पूर्व कांग्रेसी पार्षद पति अंसाफ अंसारी इस अवैध निर्माण को बचाने की “सेटिंग” में पूरी तरह जुट गए हैं। वे न सिर्फ बिल्डर शकील ओलंपिक को ढांढस बंधा रहे हैं, बल्कि उसे प्रशासनिक कार्रवाई का कोई डर न रखने की खुली सलाह भी दे रहे हैं। अंसारी का अवैध निर्माण करने वालों को खुला संरक्षण प्राप्त है, जिसके तहत बिल्डर को निर्देश दिए गए हैं कि “काम बंद मत करो, जल्दी-जल्दी प्लास्टर करवाओ, पेंट करो और रहने आ जाओ।” ताकि बाद में यह बहाना बनाया जाए कि उक्त बिल्डिंग तो पुरानी थी।


इस पूरे घटनाक्रम से यह साफ जाहिर होता है कि अवैध निर्माणकर्ता और उनके राजनीतिक आका इंदौर के महापौर (मेयर) पुष्यमित्र भार्गव, निगमायुक्त क्षितिज सिंघल,भवन अधिकारी अंगेश बिरथरिया,और भवन निरीक्षक अभिनव रॉय सहित पूरे निगम प्रशासन को यह अवैध निर्माणकर्ता खुली चुनौती दे रहे हैं। अधिकारियों की नाक के नीचे चल रहे इस खेल से साफ है कि भू-माफिया और रसूखदार नेता मिलकर पूरे निगम अमले को गुमराह और मूर्ख बनाने का प्रयास कर रहे हैं।


अब देखना यह होगा कि इस खबर के सामने आने के बाद इंदौर नगर निगम के आला अधिकारी और महापौर पुष्यमित्र भार्गव इस बेखौफ चल रहे अवैध निर्माण पर बुलडोजर चलाकर सख्त कार्रवाई करते हैं, या फिर रसूखदारों की ‘सेटिंग’ के आगे निगम का कानून एक बार फिर बौना साबित होगा।