ग्वालियर: मध्य प्रदेश के ग्वालियर की बेहद लोकप्रिय सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर पलक रजक की संदिग्ध मौत के मामले में फरार चल रहे मुख्य आरोपी पति अमित रजक ने आखिरकार चौतरफा दबाव के बाद पुलिस के समक्ष सरेंडर (आत्मसमर्पण) कर दिया है। ग्वालियर से सामने आए इस बेहद चर्चित और संवेदनशील मामले ने अब एक नया मोड़ ले लिया है। स्थानीय पुलिस पहले ही मृतका के पति, सास और देवर के खिलाफ दहेज प्रताड़ना (IPC 498A) और आत्महत्या के लिए उकसाने (IPC 306) का संगीन केस दर्ज कर चुकी थी। शनिवार को अमित ने पुलिस के समक्ष घुटने टेक दिए, जबकि परिवार के अन्य दो नामजद आरोपी अब भी पुलिस गिरफ्त से बाहर और फरार बताए जा रहे हैं। अमित के सरेंडर के बाद भी इस केस में दोनों पक्षों की ओर से आरोपों और पलटवार का सिलसिला लगातार जारी है।
⚖️ कथित ननद के आरोपों पर भड़के पिता: बोले— ‘सबूत लाओ, मेरी मृत बेटी को बदनाम मत करो’, मायके पक्ष ने जांच पर उठाए सवाल
इस हाई-प्रोफाइल मामले में विवाद उस समय और ज्यादा बढ़ गया जब खुद को पलक की ननद बताने वाली एक अनजान महिला अचानक पुलिस थाने पहुंची और उसने मृतका पर कई गंभीर लांछन लगाए। महिला ने दावा किया कि पलक शराब, सिगरेट और गांजे जैसे घातक नशों का सेवन करती थी तथा सोशल मीडिया पर पॉपुलैरिटी के लिए लड़कों के साथ रील्स बनाती थी। इन विवादित बयानों के बाद पलक के पिता मोहर सिंह रजक ने बेहद तीखी और भावुक प्रतिक्रिया दी। उन्होंने रोते हुए कहा कि यदि उनकी बेटी नशा करती थी, तो आखिर ससुराल वालों ने उसे ये सब चीजें उपलब्ध क्यों कराईं और पहले शिकायत क्यों नहीं की?
पीड़ित पिता ने कहा कि आरोप लगाने वाली महिला को वे पहचानते तक नहीं हैं और शादी के समय उन्हें इस परिवार के बारे में बिल्कुल अलग और झूठी जानकारी दी गई थी। पीड़ित परिवार ने मृत बेटी की छवि को जानबूझकर खराब करने की घिनौनी कोशिश का आरोप लगाया है। इसके साथ ही पलक के मायके पक्ष ने पुलिस की शुरुआती जांच प्रक्रिया पर भी गंभीर सवाल खड़े किए हैं। उनका आरोप है कि घटना के तुरंत बाद क्राइम सीन (घटनास्थल) को सील या सुरक्षित नहीं किया गया और एफएसएल (FSL) की फॉरेंसिक टीम भी तीन दिन की लंबी देरी के बाद पहुंची, जिसके चलते इस दौरान कई अहम डिजिटल और भौतिक सबूत मिटा दिए गए।
📞 मौत से ठीक आधे घंटे पहले भाई को आया था आखिरी फोन: ‘भैया मुझे बचा लो, ये मार डालेंगे…’, शरीर पर मिले चोट के निशान
पलक के सगे भाई प्रिंस रजक ने पुलिस और मीडिया के सामने एक बड़ा दावा करते हुए बताया कि मौत से महज आधे घंटे पहले पलक ने उसे रोते हुए फोन किया था। उसने बेहद घबराई और सहमी हुई आवाज में कहा था कि— “भैया, मुझे तुरंत यहाँ से ले जाओ, नहीं तो ये ससुराल वाले आज मुझे जिंदा नहीं छोड़ेंगे, मुझे मार डालेंगे।” भाई जब इस चीख को सुनकर उसे मायके लाने के लिए घर से निकला ही था, तभी कुछ देर बाद उन्हें सूचना मिली कि पलक गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती है। जब परिवार बदहवास स्थिति में अस्पताल पहुंचा, तो वहां पलक मृत अवस्था में पड़ी थी, जिसके बाद अस्पताल परिसर में ही चीख-पुकार मच गई।
परिजनों का सीधा आरोप है कि शादी के बाद से ही एक नई कार की डिमांड को लेकर पलक को मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा था। इतना ही नहीं, शादी के समय मायके से मिली एफडीआर (FDR) को भी जबरन तुड़वाकर उससे सारे पैसे हड़प लिए गए थे। परिजनों ने दावा किया कि अस्पताल में पलक के गले और शरीर पर साफ तौर पर चोटों और घसीटने के निशान पाए गए थे, जो उसकी हत्या की ओर इशारा करते हैं।
💔 इंस्टाग्राम रील्स में छिपा था मानसिक तनाव और टूटन का दर्द: 22वें जन्मदिन से पहले ही उजड़ गई दुनिया
सोशल मीडिया और इंस्टाग्राम पर हजारों फॉलोअर्स के बीच सक्रिय रहने वाली पलक ने अपनी कई हालिया रील्स में गहरे मानसिक तनाव, अकेलेपन और आंतरिक टूटन के स्पष्ट संकेत दिए थे। अपनी शादी की पहली सालगिरह पर पोस्ट की गई एक रील में उसने बेहद दर्दनाक दास्तां बयां करते हुए लिखा था कि— “सत्यानाश के रास्ते में मेरी VIP एंट्री हो गई, मैं बर्बादी की हर राह में खुद चलकर गई।” इसके अलावा, उसकी आखिरी कुछ पोस्टों में एंग्जायटी, डिप्रेशन, पैनिक अटैक और रातों को नींद न आने जैसी गंभीर समस्याओं का जिक्र सामने आया था।
गले और शरीर पर मिले चोट के निशान और उसकी आखिरी इंस्टाग्राम रील्स का यह दर्द, चीख-चीख कर दहेज प्रताड़ना की खौफनाक कहानी कह रहा है। आगामी 30 जून को पलक का 22वां जन्मदिन आने वाला था, जिसे लेकर वह काफी उत्साहित थी, लेकिन उस तारीख के आने से पहले ही उसकी जिंदगी का दर्दनाक अंत हो गया। फिलहाल, ग्वालियर पुलिस रिमांड के दौरान आरोपी पति से कड़ाई से पूछताछ कर रही है, जबकि फरार सास और देवर की तलाश में टीमें रवाना कर दी गई हैं।
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