Gurugram Car Fire: गुड़गांव में दिल्ली-जयपुर हाईवे पर डिवाइडर लांघकर ऑटो से टकराई तेज रफ्तार कार; टक्कर के बाद लगी भीषण आग
गुड़गांव/गुरुग्राम: दिल्ली-जयपुर नेशनल हाईवे (NH-48) पर गुरुग्राम के इफ्को चौक के नजदीक आज एक रोंगटे खड़े कर देने वाला भीषण सड़क हादसा सामने आया है। यहाँ एक तेज रफ्तार कार अचानक अपना संतुलन खो बैठी और मुख्य हाईवे का डिवाइडर लांघते हुए सीधे सर्विस रोड पर जा पहुंची। सर्विस रोड पर आते ही इस अनियंत्रित कार ने वहां से गुजर रहे एक ऑटो को जोरदार टक्कर मारी और फिर रफ्तार तेज होने के कारण सड़क किनारे बनी एक मजबूत दीवार से जा टकराई। टक्कर इतनी भीषण और घातक थी कि कार का अगला हिस्सा पूरी तरह से पिचक गया और उसके एयरबैग (Airbags) खुल गए। टक्कर के जोरदार प्रभाव के कारण कार चला रहा ड्राइवर स्टीयरिंग व्हील पर ही बेहोश हो गया। दीवार से टकराने के महज कुछ ही सेकंड के भीतर कार के इंजन और बोनट से आग की तेज लपटें निकलने लगीं, जिससे हाईवे पर हड़कंप मच गया।
👨🚒 कैब ड्राइवर रितेश फोगाट बने मसीहा: जलती कार के भीतर सीट बेल्ट में फंसे बेहोश चालक का किया जांबाज रेस्क्यू
यह खौफनाक नजारा जब दिल्ली-जयपुर हाईवे से गुजर रहे कुछ अन्य कैब ड्राइवरों ने देखा, तो उन्होंने इंसानियत दिखाते हुए तुरंत अपनी गाड़ियां सड़क किनारे रोकीं और बिना एक पल गंवाए घटना स्थल की तरफ दौड़ लगा दी। इन्हीं कैब ड्राइवरों में शामिल रितेश फोगाट नाम के एक जांबाज युवक ने देखा कि कार के बोनट से आग की ऊंची-ऊंची लपटें निकल रही हैं और ड्राइवर सीट पर मौजूद व्यक्ति पूरी तरह लहूलुहान और बेहोश है।
समय तेजी से निकल रहा था और कार किसी भी वक्त बड़े ब्लास्ट की चपेट में आ सकती थी। ऐसे में रितेश फोगाट ने अपनी जान की परवाह किए बगैर जलती हुई कार का पिछला गेट किसी तरह खोला और बेहोश ड्राइवर को बाहर निकालने का रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। इस दौरान चालक के सीट बेल्ट (Seat Belt) से बंधे होने के कारण उसे बाहर खींचने में काफी दिक्कतें आ रही थीं, लेकिन रितेश ने हार नहीं मानी और सूझबूझ व बहादुरी दिखाते हुए बेल्ट के लॉक को खोलकर उस व्यक्ति को कार के धमाका होने से ठीक पहले बाहर खींच लिया।
📸 वीडियो बनाने वाले समाज के लिए मिसाल है यह बहादुरी: रितेश ने अस्पताल भिजवाई जान, सोशल मीडिया पर लोग कर रहे सलाम
हादसे के बाद सामने आईं लाइव तस्वीरें और वीडियो इस बात की जीती-जागती मिसाल हैं कि जब समाज में कोई बड़ा एक्सीडेंट होता है और लोग अमूमन पीड़ितों की मदद करने की बजाय दूर खड़े होकर अपने मोबाइल से केवल वीडियो बनाने में व्यस्त रहते हैं या आपस में चर्चा करके चले जाते हैं, तब रितेश जैसे जांबाज इंसानियत को जिंदा रखते हैं।
कार से सुरक्षित बाहर निकालने के बाद रितेश और अन्य कैब ड्राइवरों ने बेहोश ड्राइवर को तुरंत एम्बुलेंस और पीसीआर (PCR) वैन की मदद से नजदीकी निजी अस्पताल भिजवाया, जहां डॉक्टरों की टीम उसका इलाज कर रही है। रितेश फोगाट की इस बेमिसाल बहादुरी ने एक हंसते-खेलते परिवार के चिराग को कार में जिंदा जलने से बचा लिया है। सोशल मीडिया और स्थानीय पुलिस प्रशासन द्वारा कैब ड्राइवर रितेश की इस बहादुरी की जमकर सराहना की जा रही है।
Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.