मामला IDA से 100 करोड़ की जमीन की NOC जारी होने का, आईडीए का समयपाल शिवम श्रीवास्तव फरार,पकड़ाया तो उसके आकाओं के सामने आयेंगे नाम।
मामला इंदौर विकास प्राधिकरण में फर्जी NOC जारी होने का,100 करोड़ की जमीन को योजना से कर दिया मुक्त,निकल गई फर्जी NOC,षड्यंत्र में समयपाल शिवम श्रीवास्तव का नाम, जबकि सूत्र बताते दो और है आरोपी,जिनकी शिवम से पूछताछ में खुलेगा राज़।

✍️अमित कुमार त्रिवेदी पत्रकार इंदौर
इंदौर विकास प्राधिकरण की भू अर्जन शाखा से बेशकीमती जमीन जिसकी वर्तमान बाजार मूल्य 100 करोड़ के ऊपर तक होगा। उसकी नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट जारी हो गया। दरअसल उक्त षड्यंत्र के तहत 100 करोड़ की जमीन को इंदौर विकास प्राधिकरण की योजना से मुक्त बताया गया और उक्त जमीन को लेकर इसे ठिकाने लगाने की कोशिशें तक जारी हो गई। लेकिन इस बीच यही noc इंदौर विकास प्राधिकरण के उन लोगों के लिए मुसीबत साबित हो गई हैं। जिन्होंने योजनाबद्ध तरीके से 100 करोड़ की जमीन की NOC जारी की थी। लिहाजा उक्त मामले की भनक लगते है भोपाल तक यह मामला गर्म हो गया और मामले की जांच शुरू हुई उक्त मामले की जांच के दौरान पाया गया कि IDA के विधि विभाग के कंप्यूटर से उक्त NOC अपलोड हुई हैं। लिहाजा जब सीईओ डॉक्टर परीक्षित झाड़े के निर्देशानुसार विधि अधिकारी सुदीप मीणा ने मामले की जांच की तो इसमें विधि विभाग में कार्यरत समयपाल शिवम श्रीवास्तव का नाम सामने आ गया। इधर उक्त मामले की भनक लगते ही शिवम श्रीवास्तव फिलहाल फरार हो गया हैं वहीं दूसरी तरफ इतने बड़े खेल को अंजाम देने पर अब यह बात सामने आ रही है कि उक्त मामले में योजना शाखा और भू अर्जन शाखा के कुछ और कर्मचारी भी शामिल हो सकते हैं। फिलहाल IDA शिवम श्रीवास्तव के खिलाफ पुलिस कार्यवाही कर रहा हैं। और अब पुलिस पूछताछ में ही अन्य आरोपियों के नामों का भी खुलासा हो सकता हैं।

आयेंगे और नाम सामने।
दरअसल उक्त 100 करोड़ की जमीन की NOC जारी होने को लेकर खुद IDA के ही विश्वनीय सूत्र बताते है कि इतने बड़े मामले को अंजाम देना केवल शिवम श्रीवास्तव के बस की बात नहीं हैं जबकि योजना शाखा और भू अर्जन शाखा के कुछ कर्मचारी भी इस पूरे खेल में शामिल हैं। जिनका भंडाफोड़ शिवम श्रीवास्तव की धरपकड़ के बाद साफ हो जाएगा। क्योंकि 100 करोड़ की जमीन की NOC जारी करने के एवज में करीब 10 करोड़ रुपए ida में बांटे गए हैं।

हम पुलिस कार्यवाही करवा रहे हैं
चर्चा में इंदौर विकास प्राधिकरण के विधि शाखा प्रभारी सुदीप मीणा ने बताया कि आरोपित शिवम श्रीवास्तव के उक्त NOC मामले में शामिल होने के पुख्ता साक्ष्य मिले हैं। फिलहाल जिन लोगों को NOC जारी की गई थी। उन लोगों से भी पूछताछ जारी हैं। लेकिन IDA ने सीईओ के आदेश अनुसार पुलिस कार्यवाही कर दी हैं।