ईनामी अनवरी कादरी फ़रार,
पुलिस भी हुई सुस्त,
खुद आएं और पेश हो जाएं,
ईनाम सिर्फ नाम का,या गिरफ्तारी भी होगी?
वार्ड 58 से कांग्रेस पार्षद अनवर कादरी पिछले कई दिनों से इंदौर पुलिस को छका रहा हैं। इधर अब थक हारकर इंदौर पुलिस भी हाथ पर हाथ धरकर बैठ गई हैं। अब मानो ऐसा लगता है कि इंदौर पुलिस अनवर कादरी का ही इंतजार कर रही है कि वह खुद सामने आए और पेश हो जाएं तो बेहतर होगा। क्योंकि बाणगंगा पुलिस ने अनवर कादरी की धरपकड़ की मुहिम ठंडे बस्ते में डाल दी है। इधर अनवर के मामले ने भाजपा हो या कांग्रेस दोनों ही दलों के नेताओं ने मुंह पर उंगली रखते हुए चुप्पी साध ली हैं।
लव जिहाद फंडिग जैसा गंभीर आरोप,सनातनी सरकार चुप क्यों।
पिछली बार इंदौर आएं प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉक्टर मोहन यादव ने खुद ही कहा था कि डकैत हो या उसका बाप किसी को नहीं बख्शा जाएगा। उसके बाद से यह कयास लगाए जा रहे थे कि लव जिहाद फंडिग मामले में ईनामी फरार अनवर कादरी की अब खैर नहीं हैं। लेकिन इसके बावजूद भी इंदौर पुलिस ने उक्त मामला ठंडे बस्ते में डाल दिया। यह बात किसी को भी गले नहीं उतर नहीं हैं।
10 ईनाम घोषित,लेकिन पुलिसिया सुस्ती आखिर किस वजह से।
बाणगंगा पुलिस ने लव जिहाद फंडिग में जुड़े अनवर कादरी पर 10 हजार का इनाम आनन फानन में घोषित तो कर दिया हैं। लेकिन उसके बाद से ही बाणगंगा पुलिस सुस्त हो गई हैं। और तो और बाणगंगा पुलिस के पास अनवर को लेकर कोई पुख्ता जानकारी भी नहीं है कि आखिर अनवर हैं कहां।
इंदौर में तो नहीं हैं।
इधर विश्वनीय सूत्र बताते है कि फरार अनवर कादरी के दोनों घरों से लेकर ससुराल तक में पुलिस पहुंची तो थी। लेकिन पुलिस को कोई भी सुराग हाथ नहीं लगा। इससे यह तो स्पष्ट हो गया है कि अनवर इंदौर में नहीं हैं। लेकिन सूत्र ही बताते है कि अनवर भोपाल में छुपा हो सकता हैं।