शिवपुरी न्यूज़: ‘न भगवान रहेंगे, न कसम खानी पड़ेगी’, बार-बार की कसमों से तंग युवक ने कुएं में फेंकी 200 साल पुरानी हनुमान प्रतिमा
Shivpuri | Madhya Pradesh: मध्य प्रदेश के शिवपुरी जिले से एक बेहद चौंकाने वाला और अजीबोगरीब मामला सामने आया है। यहाँ एक युवक ने 200 साल पुरानी भगवान हनुमान जी की प्रतिमा को इसलिए कुएं में फेंक दिया क्योंकि गांव वाले हर विवाद के बाद उसे मंदिर ले जाकर कसम खिलाते थे। आरोपी का तर्क है कि वह ‘कसमों के बोझ’ से इतना थक गया था कि उसने सोचा कि न मंदिर में मूर्ति रहेगी और न ही उसे बार-बार कसमें खानी पड़ेंगी। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।
घटना से जुड़ी अहम जानकारी (Quick Facts)
| विवरण | जानकारी |
| घटनास्थल | ग्राम कूड़ाराई, तेंदुआ थाना क्षेत्र (शिवपुरी जिला) |
| आरोपी का नाम | हरवंश यादव (उम्र 27 वर्ष) |
| प्रतिमा का इतिहास | लगभग 200 साल पुरानी हनुमान जी की प्रतिमा |
| घटना का कारण | बार-बार मंदिर में कसम खिलाए जाने से परेशानी |
| वर्तमान स्थिति | प्रतिमा कुएं से बरामद, आरोपी गिरफ्तार और न्यायालय में पेश |
आरोपी का हैरान करने वाला तर्क: “कसमों से थक गया था”
तेंदुआ थाना पुलिस की गिरफ्त में आने के बाद 27 वर्षीय आरोपी हरवंश यादव ने जो तर्क दिया, उसने सबको हैरान कर दिया।
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विवाद और कसम: आरोपी ने पुलिस को बताया कि गांव में जब भी कोई छोटा-बड़ा विवाद होता था, तो लोग उसे हमेशा शक के घेरे में लेते थे। इसके बाद ग्रामीण उसे हनुमान जी के मंदिर में ले जाते और मजबूरन उससे कसम खिलवाते थे।
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शनिवार को भी खिलाई कसम: शनिवार को भी गांव में हुए एक झगड़े के बाद हरवंश को मंदिर ले जाया गया और उससे कसम खिलवाई गई।
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बनाई खौफनाक योजना: बार-बार की इस प्रक्रिया से तंग आकर हरवंश ने सोचा कि यदि वह हनुमान जी की मूर्ति को ही कुएं में फेंक दे, तो न भगवान वहां विराजेंगे और न ही गांव वाले उसे कसम खाने के लिए मजबूर कर पाएंगे। इसी सोच के साथ उसने शनिवार-रविवार की दरम्यानी रात इस वारदात को अंजाम दिया।
सिंदूर के निशानों से हुआ खुलासा
ग्राम कूड़ाराई में यह करीब दो सौ साल पुरानी हनुमान जी की प्रतिमा अब तक एक मढ़िया (छोटे मंदिर) के रूप में विराजित थी, जहां ग्रामीण नियमित रूप से पूजा-अर्चना करते थे।
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पुजारी ने देखा खाली स्थान: रविवार सुबह जब मंदिर के पुजारी पूजा करने पहुंचे, तो वहां से प्रतिमा गायब थी।
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कुएं तक पहुंचे निशान: खोजबीन करने पर ग्रामीणों ने देखा कि मढ़िया से लेकर पास ही बने कुएं तक रास्ते में जगह-जगह सिंदूर गिरा हुआ है। जब कुएं में झांककर देखा गया, तो प्रतिमा पानी में पड़ी मिली।
पुलिस की कार्रवाई
घटना की सूचना तुरंत पुलिस को दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस की मौजूदगी में ग्रामीणों ने सुरक्षित तरीके से प्रतिमा को कुएं से बाहर निकाल लिया। इसके बाद पुलिस ने मुखबिरों की सूचना और सुरागों के आधार पर आरोपी हरवंश यादव को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला (FIR) दर्ज कर उसे न्यायालय के समक्ष पेश कर दिया है।
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