कुरुक्षेत्र: जननायक जनता पार्टी (JJP) के वरिष्ठ युवा नेता डॉ. जसविंदर खैहरा द्वारा उठाए गए गंभीर सवालों के बाद NIT (नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी) प्रशासन ने एक बड़ा कदम उठाया है। खैहरा द्वारा लिखे गए पत्र और संस्थान में चल रही अनियमितताओं के आरोपों के बाद ज्वाइंट रजिस्ट्रार को सस्पेंड कर दिया गया है।

JJP नेता डॉ. जसविंदर खैहरा ने पिछले कुछ समय से संस्थान के भीतर प्रशासनिक खामियों और छात्रों से जुड़े मुद्दों (हाल ही में हुई आत्महत्या की घटनाओं सहित) को लेकर कड़ा रुख अपनाया था। खैहरा ने एक औपचारिक पत्र लिखकर उच्चाधिकारियों से कार्रवाई की मांग की थी, जिसके बाद संस्थान की गवर्निंग बॉडी ने शिकायतों की गंभीरता को देखते हुए ज्वाइंट रजिस्ट्रार के निलंबन का आदेश जारी किया। सूत्रों के अनुसार, निलंबन के साथ ही एक उच्च स्तरीय जांच कमेटी भी गठित की जा सकती है जो रजिस्ट्रार कार्यालय के पिछले कामकाज की समीक्षा करेगी।

NIT कुरुक्षेत्र जैसे प्रतिष्ठित संस्थान में इस तरह की कार्रवाई को स्थानीय स्तर पर बड़ी जीत के रूप में देखा जा रहा है। डॉ. खैहरा ने इस फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि संस्थान की गरिमा और छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वाले किसी भी अधिकारी को बख्शा नहीं जाना चाहिए।
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