Dholpur Crocodile Attack: धौलपुर में दर्दनाक हादसा; चम्बल नदी किनारे बैठी 12 साल की बच्ची को खींच ले गया मगरमच्छ, मौत
धौलपुर: राजस्थान के धौलपुर जिले से गुजरने वाली चम्बल नदी के राजघाट इलाके में एक बेहद दर्दनाक और रोंगटे खड़े कर देने वाला हादसा सामने आया है। यहाँ नदी किनारे बैठी एक 12 वर्षीय मासूम बच्ची को मगरमच्छ ने अपना शिकार बना लिया। मगरमच्छ ने बच्ची पर उस वक्त अचानक हमला किया जब वह नदी के ठीक किनारे बैठी हुई थी। दरअसल, बच्ची अपने घर के मवेशियों (भैंसों) को नदी में पानी पिलाने के लिए ले गई थी और मवेशियों के पानी पीने के दौरान वह किनारे सुस्ताने बैठ गई। इसी बीच पानी से निकले विशालकाय मगरमच्छ ने उस पर हमला कर दिया। वहां मौजूद अन्य बच्चों और ग्रामीणों ने मौके पर पहुंचकर बच्ची को बचाने की अपनी तरफ से पूरी कोशिश की, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी।
🐊 मवेशियों को पानी पिलाने गई थी दीनदयाल की पुत्री भारती: अचानक हुए हमले से मौके पर चीख-पुकार, ग्रामीणों ने नदी में कूदकर निकाला शव
प्राप्त जानकारी के अनुसार, राजघाट निवासी दीनदयाल की 12 वर्षीय पुत्री भारती आज रोजाना की तरह अपनी भैंसों को पानी पिलाने के लिए चम्बल नदी के घाट पर गई थी। जब भैंसें पानी पी रही थीं, तब भारती चम्बल के किनारे बैठ गई, तभी घात लगाकर बैठे मगरमच्छ ने अचानक पानी से बाहर आकर उस पर हमला कर दिया और उसे गहरे पानी में खींच ले गया। इस खौफनाक मंजर को देखकर आसपास खेल रहे अन्य बच्चों ने डर के मारे जोर-जोर से शोर मचाना शुरू कर दिया। बच्चों की चीख-पुकार सुनते ही खेतों में काम कर रहे ग्रामीण लाठी-डंडे लेकर तुरंत मौके पर दौड़े। ग्रामीणों ने अदम्य साहस दिखाते हुए नदी के गहरे पानी में छलांग लगा दी और बड़ी मुश्किल से मगरमच्छ के जबड़े से बच्ची को छुड़ाकर बाहर निकाला, लेकिन तब तक दम घुटने और गहरे घावों के कारण मासूम बच्ची की मौत हो चुकी थी।
🚓 वन विभाग और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची: शव को अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया, चम्बल किनारे बसे गांवों में भारी दहशत
इस रूह कँपा देने वाले हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय थाना पुलिस और वन विभाग की रेस्क्यू टीम तुरंत राजघाट मौके पर पहुंची। पुलिस ने स्थिति का जायजा लेते हुए बच्ची के शव को अपने कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल की मोर्चरी में रखवा दिया है। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है। इस घटना के बाद से पूरे इलाके और राजघाट के ग्रामीणों में भारी दहशत और आक्रोश का माहौल है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि चम्बल नदी में मगरमच्छों की संख्या लगातार बढ़ रही है और वे अब किनारों तक आ जाते हैं, जिससे अब ग्रामीण अपने मवेशियों को लेकर नदी की तरफ जाने से भी बुरी तरह कतरा रहे हैं। ग्रामीणों ने वन विभाग से नदी किनारे सुरक्षा घेरा बनाने की मांग की है।
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